29 सितंबर: जापान के आइची-नागोया में चल रहे एशियाई खेलों में मंगलवार का दिन भारत के लिए यादगार रहा। निशानेबाज नीरू ढांडा ने महिला ट्रैप में स्वर्ण पदक जीता, और शाम को महिला 4×400 मीटर रिले टीम ने इन खेलों में एथलेटिक्स का भारत का पहला स्वर्ण दिलाया। दिनभर में भारत ने 8 पदक जीते: 2 स्वर्ण, 1 रजत और 5 कांस्य। बिज़नेस स्टैंडर्ड के अनुसार भारत के कुल पदकों की संख्या अब 53 हो गई है।
मुख्य बातें
- नीरू ढांडा (स्वर्ण): महिला ट्रैप के फाइनल में 30 में से 28 निशाने सही लगाए। ईटीवी भारत के अनुसार 1978 में रणधीर सिंह के बाद ट्रैप की व्यक्तिगत स्पर्धा में यह भारत का पहला एशियाई खेल स्वर्ण है।
- महिला 4×400 मीटर रिले (स्वर्ण): किरण पहल, पूवम्मा, प्राची और विद्या रामराज की टीम ने 3:29.69 का समय निकाला। बहरीन को रजत और चीन को कांस्य मिला।
- महिला ट्रैप टीम (रजत): नीरू ढांडा, आशिमा अहलावत और मनीषा कीर ने कुल 328 अंक बनाए।
- कांस्य पदक: गुलवीर सिंह (5000 मीटर), पूजा सिंह (ऊंची कूद), मिश्रित 4×100 मीटर रिले, पुरुष 4×400 मीटर रिले और मुक्केबाज़ नरेंदर।
- फाइनल में पहुंचे: मुक्केबाज़ परवीन (महिला 65 किग्रा) और अंकुश पंघाल (पुरुष 80 किग्रा) ने फाइनल में जगह बनाई, यानी इनका कम से कम रजत पक्का है।
नीरू ढांडा ने रचा इतिहास
हरियाणा की 26 वर्षीय नीरू ढांडा पहली बार एशियाई खेलों में उतरी थीं। ईटीवी भारत की रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने महिला ट्रैप फाइनल में 30 में से 28 निशाने सही लगाकर स्वर्ण जीता। इससे पहले ट्रैप की व्यक्तिगत स्पर्धा में भारत को एशियाई खेलों का स्वर्ण 1978 में रणधीर सिंह ने दिलाया था, और महिलाओं की ट्रैप स्पर्धा में यह स्वर्ण जीतने वाली वह पहली भारतीय हैं। आउटलुक के मुताबिक यह इन खेलों में भारत का पांचवां स्वर्ण था।
इससे पहले दिन में नीरू ने आशिमा अहलावत और मनीषा कीर के साथ महिला ट्रैप टीम स्पर्धा में रजत जीता। ईटीवी भारत के अनुसार नीरू ने 118, आशिमा ने 106 और मनीषा ने 104 अंक बनाए। टीम का कुल स्कोर 328 रहा। डेली जागरण के अनुसार इस स्पर्धा का स्वर्ण चीन ने 346 अंकों के साथ जीता।
एथलेटिक्स: रिले में सुनहरी शाम
द वीक और बिज़नेस स्टैंडर्ड के अनुसार किरण पहल, पूवम्मा, प्राची और विद्या रामराज की चौकड़ी ने 3:29.69 के समय के साथ महिला 4×400 मीटर रिले का स्वर्ण जीता। यह इन खेलों में एथलेटिक्स में भारत का पहला स्वर्ण है। विद्या रामराज के लिए यह इन खेलों का तीसरा पदक है। वह पहले 400 मीटर बाधा दौड़ में कांस्य और मिश्रित 4×400 मीटर रिले में रजत जीत चुकी हैं। 400 मीटर बाधा दौड़ में उन्होंने पीटी उषा का 42 साल पुराना राष्ट्रीय रिकॉर्ड भी तोड़ा था (पिछली खबर)।
- गुलवीर सिंह: पुरुष 5000 मीटर में 13:32.75 के समय के साथ कांस्य। द वीक के अनुसार यह इन खेलों में उनका तीसरा पदक है।
- मिश्रित 4×100 मीटर रिले: गुरिंदरवीर सिंह, अनिमेष कुजूर, स्नेहा सत्यनारायण और हरिता भद्रा की टीम ने 41.06 सेकंड में कांस्य जीता।
- पूजा सिंह: महिला ऊंची कूद में 1.84 मीटर की छलांग के साथ कांस्य।
- पुरुष 4×400 मीटर रिले: पिछली बार की चैंपियन भारतीय टीम को इस बार कांस्य मिला।
- देव कुमार मीणा: पोल वॉल्ट में 5.50 मीटर के नए राष्ट्रीय रिकॉर्ड के साथ सातवें स्थान पर रहे।
मुक्केबाज़ी: दो फाइनल, एक कांस्य
आउटलुक के अनुसार परवीन ने महिला 65 किग्रा सेमीफाइनल में चीन की ली शू को 5-0 से हराया। अंकुश पंघाल ने पुरुष 80 किग्रा सेमीफाइनल में उज्बेकिस्तान के फजलिद्दीन एर्किनबोएव को 4-1 से मात दी। दोनों अब स्वर्ण के लिए लड़ेंगे। पुरुष +90 किग्रा में नरेंदर सेमीफाइनल में कजाकिस्तान के ऐबेक ओरालबे से हार गए और उन्हें कांस्य मिला।
बाकी खेलों का हाल
तीरंदाज़ी में धीरज बोम्मादेवरा और नीरज चौहान पुरुष रिकर्व व्यक्तिगत स्पर्धा के क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए हैं, जो 3 अक्टूबर को होंगे। क्रिकेट के सभी क्वार्टर फाइनल बारिश की भेंट चढ़ गए, और अब सेमीफाइनल 3 अक्टूबर को होंगे। टेनिस में सुमित नागल ने दक्षिण कोरिया के सोंगचान होंग को 6-4, 6-0 से हराया।
पदक तालिका
सोमवार शाम तक भारत के 45 पदक थे: 4 स्वर्ण, 20 रजत और 21 कांस्य। मंगलवार के 8 पदक (2 स्वर्ण, 1 रजत, 5 कांस्य) जोड़ने पर कुल संख्या 53 होती है, जिनमें 6 स्वर्ण, 21 रजत और 26 कांस्य हैं। यह कुल संख्या बिज़नेस स्टैंडर्ड की रिपोर्ट से मेल खाती है। स्वर्ण, रजत और कांस्य का यह बंटवारा उपलब्ध रिपोर्टों के आधार पर हमारी गणना है, और आधिकारिक तालिका आने पर इसे अपडेट किया जाएगा।




