12 अक्टूबर: कांग्रेस के नेतृत्व वाला INDIA गठबंधन सोमवार को दिल्ली में सुप्रीम कोर्ट तक मार्च करेगा और मुख्य न्यायाधीश (CJI) को ज्ञापन सौंपना चाहता है, लेकिन CJI सूर्यकांत ने गठबंधन के नेताओं से मिलने का अनुरोध ठुकरा दिया है, ETV भारत ने सूत्रों के हवाले से बताया। सूत्रों के मुताबिक CJI ने कहा कि ये मुद्दे पहले से अदालत में विचाराधीन हैं, इसलिए नेता याचिका दाखिल करें, और अदालत किसी राजनीतिक दल के प्रतिनिधिमंडल से इस तरह नहीं मिल सकती। मार्च से पहले दिल्ली मेट्रो ने सुरक्षा कारणों से छह स्टेशनों पर सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक प्रवेश और निकास बंद कर दिया है।
मुख्य बातें
- मार्च की मांगें हैं: “वोट चोरी” बंद हो, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार इस्तीफ़ा दें, और मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) रोका जाए, ETV भारत ने बताया।
- लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने युवाओं, विपक्षी दलों और नागरिक समाज से मार्च में शामिल होने की अपील की और कहा, “डरो मत”।
- सुप्रीम कोर्ट ने रविवार की विशेष सुनवाई में निर्देश दिया था कि शांतिपूर्ण, निहत्थे प्रदर्शनकारियों को कानूनी प्रक्रिया के बिना हिरासत में न लिया जाए, और मेट्रो, रेल व इंटरनेट सामान्य रहें, लाइवलॉ ने बताया।
- हिरासत के आंकड़ों पर कोई सरकारी आंकड़ा नहीं है। अदालत में करीब 7,000 लोगों को हिरासत में लिए जाने की बात कही गई; रविवार को जंतर-मंतर की ओर जा रहे 100 से ज़्यादा प्रदर्शनकारी हिरासत में लिए गए, ETV भारत ने बताया।
- सुप्रीम कोर्ट में अवमानना मामले पर गृह सचिव, दिल्ली पुलिस आयुक्त और DMRC प्रमुख का जवाब मंगलवार, 13 अक्टूबर तक आना है।
आज दिल्ली में क्या बंद है
| क्या | जानकारी | स्रोत |
|---|---|---|
| बंद मेट्रो स्टेशन (प्रवेश और निकास) | पटेल चौक, जनपथ, राजीव चौक, मंडी हाउस, केंद्रीय सचिवालय, बाराखंभा रोड | DMRC, ETV भारत के ज़रिए |
| समय | सुबह 6 बजे से शाम 4 बजे तक; स्थिति की समीक्षा होगी | DMRC |
| इंटरचेंज | इन स्टेशनों पर लाइन बदलने की सुविधा खुली रहेगी | DMRC |
| ट्रैफिक | सुबह 6 बजे से “मौजूदा हालात के मुताबिक” डायवर्ज़न; रेलवे स्टेशन, ISBT और एयरपोर्ट जाने वाले यात्री समय लेकर निकलें | दिल्ली ट्रैफिक पुलिस, ETV भारत के ज़रिए |
हमारी गिनती में आज का बंद पिछले शनिवार से काफी छोटा है: तब अदालत में 45 से 47 स्टेशनों के बंद या सीमित होने की बात हुई थी, आज छह स्टेशन हैं। ये सभी मध्य दिल्ली में हैं, जहां से सुप्रीम कोर्ट और जंतर-मंतर नज़दीक हैं।
सुप्रीम कोर्ट ने रविवार को क्या निर्देश दिए
| निर्देश | विवरण |
|---|---|
| हिरासत | कानून में तय प्रक्रिया के बिना किसी को हिरासत में न लिया जाए, ख़ासकर उन शांतिपूर्ण, निहत्थे लोगों को जो निषेधाज्ञा वाले इलाकों के बाहर जमा हों |
| मेट्रो और रेल | सामान्य रूप से चलें, जब तक अनुच्छेद 19(2) के तहत सार्वजनिक व्यवस्था के लिए पाबंदी ज़रूरी न हो |
| आवाजाही | ट्रैफिक नियमों के अधीन शहर में आने-जाने की छूट; बैरिकेडिंग की तुरंत समीक्षा |
| इंटरनेट | इंटरनेट बाधित न हो |
| सुप्रीम कोर्ट के पास | BNSS की धारा 163 वाली पाबंदी का बोर्ड हटाया जाए, ताकि अदालत तक पहुंच न रुके |
| मेट्रो स्टेशन बंद करने का आदेश | 57 स्टेशन बंद करने के शुक्रवार के आदेश पर फिर से विचार हो, और फैसला सार्वजनिक किया जाए |
| अवमानना | आरोपी अधिकारी हलफनामा और आदेश के पालन की रिपोर्ट मंगलवार तक दें |
सुनवाई में जस्टिस बागची ने कहा कि किसी वकील को उसका पेशेवर काम करने से नहीं रोका जाना चाहिए, और पुलिस अधिकारियों को राज्य से ऊपर कानून-व्यवस्था बनाए रखने का कोई निजी अधिकार नहीं है, लाइवलॉ ने बताया। (नोट: यह बयान अंग्रेज़ी रिपोर्ट से लिया गया है; हमने उसका हिंदी भाव दिया है।)
आंकड़ों पर अलग-अलग दावे
| मुद्दा | याचिकाकर्ताओं का दावा | केंद्र का पक्ष | स्रोत |
|---|---|---|---|
| हिरासत | करीब 7,000 (मेनका गुरुस्वामी); 6,000 से ज़्यादा (मनोज झा की याचिका) | कोई आधिकारिक आंकड़ा नहीं; सॉलिसिटर जनरल ने कहा कि हिरासत में लिए गए लोग रिहा हो चुके हैं | लाइवलॉ |
| मेट्रो स्टेशन | 45 स्टेशन बंद (मनोज झा की याचिका, कपिल सिब्बल) | 303 में से 47 स्टेशन बंद या सीमित; 4,750 मेट्रो ट्रेनें समय पर चलीं | लाइवलॉ |
| रेल | 250 ट्रेनें रद्द (मनोज झा की याचिका) | लाइवलॉ की रिपोर्ट में रेल पर अलग जवाब नहीं; मेट्रो पर कहा कि कुल सेवाओं में कटौती नहीं हुई | लाइवलॉ |
| हिरासत केंद्र | 45 (मेनका गुरुस्वामी) | उपलब्ध नहीं | लाइवलॉ |
हमारी गणना: सरकार के अपने आंकड़े के मुताबिक भी शनिवार को दिल्ली मेट्रो के 303 में से 47 स्टेशन, यानी करीब 15.5%, बंद या सीमित थे। हिरासत पर दोनों पक्षों में कोई साझा आंकड़ा नहीं है, इसलिए 6,000 से 7,000 का आंकड़ा याचिकाकर्ताओं का दावा ही माना जाना चाहिए।
अब तक का घटनाक्रम
| तारीख | क्या हुआ | स्रोत |
|---|---|---|
| 9 अक्टूबर (शुक्रवार) | CJI सूर्यकांत की अगुवाई वाली बेंच ने कहा कि दिल्ली आने वाली मेट्रो और ट्रेनों पर “पूरी रोक” न हो | द ट्रिब्यून (हमारी पिछली रिपोर्ट) |
| 10 अक्टूबर (शनिवार) | CJP का प्रदर्शन; CJP संस्थापक अभिजीत दिपके और प्रवक्ता सौरव दास व आशुतोष रांका दिल्ली एयरपोर्ट पर हिरासत में; ममता बनर्जी, अरविंद केजरीवाल, पिनराई विजयन और माणिक सरकार समेत कई नेता हिरासत में | द वीक |
| 10 अक्टूबर (शनिवार) | INDIA गठबंधन ने 12 अक्टूबर को प्रदर्शन का ऐलान किया | द वीक |
| 11 अक्टूबर (रविवार) | सुप्रीम कोर्ट की विशेष सुनवाई: हिरासत, मेट्रो और इंटरनेट पर निर्देश; अवमानना नोटिस | लाइवलॉ |
| 11 अक्टूबर (रविवार) | दिपके, दास और रांका एक साल शांति बनाए रखने की शर्त पर रिहा; जंतर-मंतर की ओर जा रहे 100 से ज़्यादा प्रदर्शनकारी हिरासत में | हमारी पिछली रिपोर्ट; ETV भारत |
| 12 अक्टूबर (सोमवार) | INDIA गठबंधन का सुप्रीम कोर्ट तक मार्च; CJI ने मुलाक़ात से मना किया | ETV भारत |
| 13 अक्टूबर (मंगलवार) | अवमानना मामले में अधिकारियों के जवाब और पालन रिपोर्ट | लाइवलॉ |
पिछली रिपोर्ट: CJP मामला: सुप्रीम कोर्ट का अवमानना नोटिस, दिपके, दास और रांका रिहा।
आगे क्या
- मार्च कहां से शुरू होता है, कौन-कौन नेता शामिल होते हैं, और क्या पुलिस इसे सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचने देती है।
- क्या गठबंधन CJI की सलाह मानकर याचिका दाखिल करता है।
- मंगलवार को अवमानना मामले में गृह सचिव, पुलिस आयुक्त और DMRC के जवाब।
- CJP के देशव्यापी प्रदर्शनों की तारीखें।
इसका मतलब क्या है
आंदोलन अब सड़क से अदालत की ओर मुड़ रहा है। एक तरफ सुप्रीम कोर्ट ने रविवार को प्रदर्शन के अधिकार की रक्षा में साफ निर्देश दिए; दूसरी तरफ CJI ने विपक्ष से सीधे मिलने से मना करके यह संकेत दिया कि अदालत राजनीतिक मंच नहीं बनेगी और मुद्दे याचिका के ज़रिए ही सुने जाएंगे। आज का बंद पिछले शनिवार से छोटा है, जो अदालत के निर्देशों का असर हो सकता है। अब नज़र इस पर है कि मार्च शांतिपूर्ण रहता है या नहीं, और पुलिस अदालत के “कानूनी प्रक्रिया के बिना हिरासत नहीं” वाले निर्देश का पालन कैसे करती है।
नोट: राहुल गांधी, CJI और जस्टिस बागची के बयान अंग्रेज़ी रिपोर्टों से लिए गए हैं; जहां सीधा उद्धरण नहीं है, वहां हमने उनका हिंदी भाव दिया है। मार्च की ताज़ा जानकारी हम शाम की रिपोर्ट में देंगे।
स्रोत / संदर्भ
- ETV Bharat: Delhi Anti-CEC Protest LIVE: After CJP, INDIA Bloc to hold massive agitation against CEC Gyanesh Kumar today
- LiveLaw: CEC Protest: Supreme Court directs no illegal detention of peaceful protesters, normal metro and rail services, free movement, undisturbed internet
- Bar and Bench: Supreme Court to hold special Sunday sitting to hear pleas against detention of opposition leaders
- The Week: INDIA bloc calls for massive protest on October 12 amid crackdown by Delhi police





