नागोया: भारतीय निशानेबाज एलावेनिल वलारिवन ने एशियाई खेल 2026 में महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में दो रजत पदक जीतकर भारत को शूटिंग में मजबूत शुरुआत दिलाई। उन्होंने व्यक्तिगत फाइनल में 252.4 अंक बनाए और इसके साथ ही सोनम मस्कर तथा विदारसा विनोद के साथ टीम स्पर्धा में भी रजत हासिल किया।
व्यक्तिगत फाइनल में स्वर्ण विजेता का स्कोर 253.0 रहा, जबकि दक्षिण कोरिया की बान ह्यो-जिन ने 230.4 अंकों के साथ कांस्य पदक जीता। उपलब्ध रिपोर्टों में जापानी स्वर्ण विजेता के नाम की वर्तनी अलग-अलग दी गई है, इसलिए द प्रेस ऑफ एशिया बिना आधिकारिक परिणाम सूची की अंतिम पुष्टि के उस नाम को दोहरा नहीं रहा है।
एलावेनिल का यह पहला व्यक्तिगत एशियाई खेल पदक है। टीम रजत ने भी भारत के लिए महत्वपूर्ण अंक जोड़े, लेकिन यह रिपोर्ट किसी अधूरी पदक तालिका को अंतिम राष्ट्रीय कुल के रूप में प्रस्तुत नहीं करती।
टीम स्पर्धा में भारत का प्रदर्शन
भारत की एलावेनिल, सोनम और विदारसा की तिकड़ी ने क्वालीफिकेशन में कुल 1898.0 अंक बनाए। चीन ने 1904.2 अंकों के विश्व रिकॉर्ड के साथ स्वर्ण जीता, जबकि जापान 1897.1 अंकों के साथ कांस्य स्थान पर रहा।
रिपोर्ट किए गए व्यक्तिगत क्वालीफिकेशन स्कोर में सोनम ने 634.1, एलावेनिल ने 633.5 और विदारसा ने 630.4 अंक बनाए। इन तीनों स्कोरों ने भारत को टीम तालिका में दूसरे स्थान तक पहुंचाया।
टीम इवेंट का परिणाम बताता है कि भारत की गहराई केवल एक फाइनलिस्ट पर निर्भर नहीं थी। तीनों निशानेबाजों का स्थिर स्कोर सामूहिक पदक का आधार बना। बड़े बहु-खेल आयोजन में यही निरंतरता टीम प्रतियोगिताओं में अंतर पैदा करती है।
व्यक्तिगत फाइनल में एलावेनिल की चुनौती
10 मीटर एयर राइफल फाइनल में हर शॉट के साथ खिलाड़ियों की संख्या घटती है और छोटे अंतर पदक का रंग तय कर सकते हैं। एलावेनिल ने दबाव में 252.4 का स्कोर बनाकर रजत सुरक्षित किया। स्वर्ण से अंतर केवल 0.6 अंक रहा।
यह परिणाम उनके लंबे अंतरराष्ट्रीय अनुभव का भी संकेत है। व्यक्तिगत एशियाई खेल पदक की प्रतीक्षा समाप्त होना खास महत्व रखता है, क्योंकि क्वालीफिकेशन की मजबूत शूटिंग को फाइनल में पदक में बदलना अलग तरह की मानसिक चुनौती होती है।
खिलाड़ियों की उपलब्धि को समझते समय टीम और व्यक्तिगत पदक अलग-अलग गिने जाते हैं। एलावेनिल ने उसी दिन दो रजत जीते—एक अपने व्यक्तिगत फाइनल के लिए और एक भारतीय टीम के संयुक्त स्कोर के लिए।
भारत के अभियान के लिए क्या मायने
विश्लेषण: शूटिंग में शुरुआती पदक दल का आत्मविश्वास बढ़ा सकते हैं, लेकिन पूरे टूर्नामेंट का निष्कर्ष पहले दिन के परिणाम से नहीं निकाला जाना चाहिए। अलग-अलग रेंज, फाइनल प्रारूप और दिन की परिस्थितियां हर स्पर्धा को अलग बनाती हैं।
द प्रेस ऑफ एशिया ने इससे पहले आइची–नागोया एशियाई खेलों के उद्घाटन, तारीखों और कार्यक्रम की जानकारी दी थी। आगे की भारतीय उपलब्धियों के लिए हमारा खेल समाचार अनुभाग देखा जा सकता है।
भारत ने पिछले एशियाई खेलों में शूटिंग से कई पदक जीते थे, इसलिए 2026 में भी इस खेल से अपेक्षाएं ऊंची हैं। फिर भी हर नई स्पर्धा में स्कोर और पदक को आधिकारिक परिणाम के अनुसार अलग से सत्यापित करना जरूरी है।
आगे क्या देखना है
निशानेबाजी कार्यक्रम में आगे व्यक्तिगत और टीम स्पर्धाओं के परिणाम आते रहेंगे। पाठकों को खिलाड़ियों के नाम, स्कोर और पदक तालिका के लिए आयोजकों और राष्ट्रीय खेल संस्थाओं के आधिकारिक अपडेट पर ध्यान देना चाहिए।
इस समय पुष्ट उपलब्धि स्पष्ट है: एलावेनिल वलारिवन ने महिलाओं की 10 मीटर एयर राइफल में व्यक्तिगत रजत और सोनम मस्कर तथा विदारसा विनोद के साथ टीम रजत जीता है।
10 मीटर एयर राइफल में उपकरण की स्थिरता, शरीर का संतुलन और श्वास नियंत्रण तीनों महत्वपूर्ण होते हैं। फाइनल के एलिमिनेशन चरण में एक कमजोर शॉट खिलाड़ी को कई स्थान नीचे कर सकता है। इसलिए 0.6 अंक का अंतिम अंतर बहुत छोटा माना जाएगा, लेकिन यही अंतर स्वर्ण और रजत को अलग करता है।
सोनम मस्कर और विदारसा विनोद का योगदान भी टीम पदक की कहानी का केंद्रीय हिस्सा है। टीम स्कोर तीनों खिलाड़ियों की क्वालीफिकेशन शूटिंग से बना था; इसे केवल व्यक्तिगत फाइनल के परिणाम के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए। भारतीय दल के लिए यह सामूहिक निरंतरता आगामी शूटिंग स्पर्धाओं में उपयोगी संकेत है, हालांकि भविष्य के पदक की गारंटी नहीं।
स्रोत: The Week की परिणाम रिपोर्ट; आकाशवाणी समाचार द्वारा भारतीय टीम रजत की पुष्टि.
AI-generated editorial illustration | The Press of Asia
